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Don’t Travel on Memorial Day Weekend. Try New Restaurants Instead.

Food New York TimesBy BY NIKITA RICHARDSON Via NYT To WORLD NEWS

Wednesday, January 5, 2022

Hochul Charts New York’s Recovery in First State of State Speech


New York New York TimesBy BY LUIS FERRÉ-SADURNÍ AND GRACE ASHFORD Via NYT To WORLD NEWS

William M. Ellinghaus Dies at 99; Presided Over AT&T Breakup


Business New York TimesBy BY ROBERT D. MCFADDEN Via NYT To WORLD NEWS

प्रधानमंत्री मोदी ने ममता बनर्जी को उनके जन्मदिन पर दी शुभकामनाएं

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को उनके 67वें जन्मदिन पर बधाई दी और उनके स्वस्थ व दीर्घायु जीवन की कामना की। मोदी ने एक ट्वीट में कहा, ‘पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को जन्मदिन की शुभकामनाएं। उनके स्वस्थ व दीर्घायु जीवन की कामना करता हूं।’ पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में जन्मीं ममता बनर्जी राज्य की पहली महिला मुख्यमंत्री हैं। वह पहले कांग्रेस में थी लेकिन 1998 में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस का गठन किया था। राज्य विधानसभा के पिछले चुनाव में वापसी के बाद से ही वह विभिन्न मुद्दों पर प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं। उन्हें मोदी के खिलाफ एक प्रमुख विपक्षी चेहरे के रूप में भी देखा जाने लगा है।

new corona guidelines: राजस्थान में कोरोना का खौफ बढ़ा, जयपुर-जोधपुर में 17 जनवरी तक मिडिल स्कूल बंद


जयपुर। राजस्थान में कोरोना का संक्रमण लगातार फैल रहा है। इस पर नियंत्रण पाने के लिए राज्य सरकार ने बुधवार को एक नई गाइडलाइन्स जारी की है। इस नई गाइडलाइन्स में कई तरह की नई पाबंदियां भी लगाई गई हैं। साथ ही डबल डोज वैक्सीनेशन को अनिवार्य कर दिया गया है।कोरोना की नई गाइडलाइन्स के मुताबिक जयपुर नगर निगम और जोधपुर नगर निगम क्षेत्र में 17 जनवरी तक आठवीं कक्षा तक के बच्चों के लिए सभी सरकारी और निजी स्कूल बंद रखने के आदेश दे दिए गए हैं। पूर्व में जारी की गई गाइडलाइन में जयपुर नगर निगम क्षेत्र में 14 जनवरी तक आठवीं कक्षा तक के लिए स्कूलें बंद करने के आदेश थे। अब साथ ही संपूर्ण राजस्थान में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक जन अनुशासन कर्फ्यू लगाया गया है।


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Khargone Viral Video: आधे कटे शरीर पर 19 घंटे तक फन फैलाए खड़ी रही नागिन, देखिए वीडियो


एमपी के खरगोन में जेसीबी मशीन की चपेट में आकर एक नागिन (Nagin Viral Video) के दो टुकड़े हो गए, लेकिन इसके बाद वह 19 घंटे तक जिंदा रही। इतना ही नहीं, आधे कटे शरीर के साथ नागिन लगातार 19 घंटे (Half Cut Nagin Alive for 19 hours) तक फन फैलाए खड़ी रही। इस दौरान स्थानीय लोग उसकी पूजा-पाठ करते रहे और मौत के बाद विधिपूर्वक अंतिम संस्कार किया।

जिला मुख्यालय से करीब 70 किलोमीटर दूर करही तहसील मुख्यालय पर पुरानी बसन्त जिनिंग परिसर से वेस्ट मटीरियल हटाया जा रहा था। इसी दौरान सोमवार रात करीब आठ बजे एक नागिन जेसीबी के बकेट की चपेट में आ गई। इसमें नागिन के दो टुकड़े हो गए। इसके बाद भी नागिन के शरीर के एक हिस्से में जान बची थी। वह फन फैलाकर घटना वाली जगह पर खड़ी हो गई। कटा हुआ आधा हिस्सा भी उसके सामने पड़ा था।

घटना की जानकारी मिलते ही नाग मन्दिर के पास लोगों की भीड़ जमा हो गई। लोगों को इस आश्चर्य पर भरोसा नहीं हो रहा था। जब कई घंटे तक नागिन फन फैलाए खड़ी रही तो लोगों ने वहां पूजा-पाठ शुरू कर दी। किसी ने नागिन के पास दूध से भरा कटोरा रखा तो कोई पाठ करने लगा। किसी ने शास्त्र वाचन किया तो एक जैन संत ने मांगलिक सुनाई। #ViralVideo, #MPNews, #Khargone


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Neighbors of the burned rowhouse were woken by screams.


U.S. New York TimesBy BY JOEL WOLFRAM Via NYT To WORLD NEWS

Tuesday, January 4, 2022

पहले थप्पड़ मारो और फिर कहो कि माफ कर दीजिए, सुप्रीम कोर्ट ने कहा- बेबुनियाद आरोप लगाया, अब 25 लाख भरिए

नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट ने अर्जी दायर करने वाले एक व्यक्ति पर मंगलवार को 25 लाख रुपये का अदालत खर्च लगाते हुए कहा कि उसकी अर्जी में दी गई दलील अस्वीकार्य हैं और उसने उत्तराखंड उच्च न्यायालय तथा राज्य सरकार के कुछ पूर्व अधिकारियों के खिलाफ बेबुनियाद आरोप लगाए थे। शीर्ष न्यायालय ने कहा कि अर्जी देने वाला व्यक्ति, जो न्यायालय के समक्ष खुद को पक्षकार बनाना चाहता है, उसे कुछ संयम दिखाना होगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोर्ट में दायर की गई अर्जी में लगाये गए आरोपों जैसे बेबुनियाद आरोप लगाने से दूर रहना होगा। जस्टिस ए. एम. खानविलकर और न्यायमूर्ति सी.टी. रविकुमार की पीठ ने कहा, ‘‘इस प्रकार, हम अर्जी दायर करने वाले पर 25 लाख रुपये का अनुकरणीय अदालत खर्च लगाते हुए अर्जी को सिरे से खारिज करते हैं। ’’ शीर्ष न्यायालय ने कहा कि अदालत खर्च को यदि चार हफ्तों के अंदर शीर्ष न्यायालय की रजिस्ट्री में जमा नहीं किया जाता है तो यह रकम अर्जी देने वाले से हरिद्वार जिलाधिकारी द्वारा वसूली जाएगी। अर्जी दायर करने वाले व्यक्ति ने इसके जरिए खुद को खासगी (देवी अहिल्याबाई होल्कर चैरिटिज) ट्रस्ट, इंदौर से जुड़े एक विषय में पक्षकार बनाने का अनुरोध किया था। न्यायालय में बहस के दौरान अर्जी दायर करने वाले की ओर से पेश हुए वकील ने कहा कि उन्हें अर्जी वापस लेने की अनुमति दी जाए। इस पर पीठ ने कहा, ‘‘वापस लेने की अनुमति क्यों दी जाए? आप यहां आए और हर तरह के आरोप लगाए। पहले थप्पड़ मारो और फिर कहो कि माफ कर दीजिए। ’’