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Food New York TimesBy BY NIKITA RICHARDSON Via NYT To WORLD NEWS

Friday, November 27, 2020

PM Virus fader update


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पीएम मोदी कर रहे कोरोना वैक्सीन की तैयारियों की समीक्षा, जानें किस वैक्सीन पर कहां तक पहुंचा काम

कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) का भारत समेत पूरी दुनिया में बेसब्री से इंतजार हो रहा है। इस बीच पीएम मोदी आज कोरोना वैक्सीन के तैयारियों की समीक्षा करने निकले हैं। पीएम मोदी इस समय अहमदाबाद के जायडस बायोटेक पार्क में हैं जहां वहा जायडस कैडिला की वैक्सीन जायकोव-डी की समीक्षा करेंगे। इसके बाद पीएम मोदी क्रमशः हैदराबाद में भारत बायोटेक की कोवैक्सीन और पुणे के सीरम इंस्टिट्यूट में ऑक्‍सफर्ड-एस्‍ट्राजेनेका की वैक्सीन की भी समीक्षा करेंगे। यहां हम आपको बता रहे हैं कि कौन सी वैक्सीन इस ट्रायल के कौन से चरण में है....

Corona Vaccine Update: पीएम मोदी (PM Modi) कोरोना वैक्सीन की तैयारियों की समीक्षा के लिए अहमदाबाद, हैदराबाद और पुणे के दौरे पर निकले हैं। इन तीनों शहरों के वैक्सीन सेंटर में पीएम मोदी कोरोना वैक्सीन (C0rona Vaccine) की प्रगति का जायजा लेंगे।


पीएम मोदी आज कर रहे कोरोना वैक्सीन की तैयारियों की समीक्षा, जानिए कौन सी वैक्सीन किस ट्रायल में है

कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) का भारत समेत पूरी दुनिया में बेसब्री से इंतजार हो रहा है। इस बीच पीएम मोदी आज कोरोना वैक्सीन के तैयारियों की समीक्षा करने निकले हैं। पीएम मोदी इस समय अहमदाबाद के जायडस बायोटेक पार्क में हैं जहां वहा जायडस कैडिला की वैक्सीन जायकोव-डी की समीक्षा करेंगे। इसके बाद पीएम मोदी क्रमशः हैदराबाद में भारत बायोटेक की कोवैक्सीन और पुणे के सीरम इंस्टिट्यूट में ऑक्‍सफर्ड-एस्‍ट्राजेनेका की वैक्सीन की भी समीक्षा करेंगे। यहां हम आपको बता रहे हैं कि कौन सी वैक्सीन इस ट्रायल के कौन से चरण में है....



कोरोना को रोकने में 90% तक कारगर है ऑक्‍सफर्ड की वैक्‍सीन
कोरोना को रोकने में 90% तक कारगर है ऑक्‍सफर्ड की वैक्‍सीन

ऑक्‍सफर्ड की वैक्‍सीन 'कोविशील्‍ड' से भारत को खासी उम्‍मीदें हैं क्‍योंकि इसके लिए सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (SII) पुणे ने एस्‍ट्राजेनेका से डील की है। SII कोविशील्‍ड की 100 करोड़ डोज तैयार करेगा। भारत सरकार सीरम इंस्टिट्यूट के संपर्क में है और वैक्‍सीन खरीदने को लेकर बातचीत जारी है। सूत्रों के मुताबिक, यह वैक्‍सीन करीब 500-600 रुपये में मिलेगी, लेकिन सरकार के लिए इसकी कीमत आधी हो जाएगी। 'कोविशील्‍ड' न सिर्फ ऑक्‍सफर्ड यूनिवर्सिटी जैसी प्रतिष्ठित रिसर्च संस्‍था ने बनाई है, बल्कि यह 90% तक असरदार भी है। इसको स्‍टोर करने के लिए बहुत कम तापमान की जरूरत नहीं और दाम भी बाकी वैक्‍सीन से कम हैं। वैक्‍सीन के फेज 3 ट्रायल का जो डेटा सामने आया है उसका अंतरिम विश्लेषण बताता है कि ओवरऑल इसकी एफिसेंसी (प्रभावोत्‍पादकता) 70.4% रही है। खास बात यह है कि रिसर्चर्स कह रहे हैं कि डोज की मात्रा बदलने पर वैक्‍सीन और असरदार साबित हो रही है। जब वैक्‍सीन की पहली डोज आधी और दूसरी डोज पूरी रखी गई तब वैक्‍सीन 90% तक असरदार रही।



भारत बायोटेक की 'कोवैक्सीन' के तीसरे चरण का ट्रायल एम्स में शुरू
भारत बायोटेक की 'कोवैक्सीन' के तीसरे चरण का ट्रायल एम्स में शुरू

भारत बायोटेक की ओर से बनाई जा रही स्वदेशी कोरोना वैक्सीन 'कोवैक्सीन' के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में इंसानों पर क्लिनिकल ट्रायल के तीसरे चरण की शुरुआत हो गई। एम्स के तंत्रिका विज्ञान केंद्र की प्रमुख एमवी पद्मा श्रीवास्तव और तीन अन्य स्वयंसेवकों ने इस वैक्सीन की पहली डोज ली है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के साथ मिलकर भारत बायोटेक ‘कोवैक्सिन’ को विकसित कर रहा है। सूत्रों ने कहा कि डॉ. श्रीवास्तव को पहला टीका लगाया गया और अगले कुछ दिनों में एम्स में 15 हजार से ज्यादा स्वयंसेवकों को टीका लगाया जाएगा। सूत्रों ने कहा कि परीक्षण के तहत 0.5 मिलीलीटर की पहली खुराक देने के 28 दिन बाद 0.5 मिलीलीटर की दूसरी खुराक दी जाएगी। तीसरे चरण के तहत 18 वर्ष और उससे ज्यादा की आयु के 28,500 लोगों को विभिन्न केंद्रों पर परीक्षण टीका लगाया जाएगा।



जाइडस कैडिला की कोरोना वैक्सीन भी है रेस में
जाइडस कैडिला की कोरोना वैक्सीन भी है रेस में

दवा कम्पनी ‘जाइडस कैडिला’ भी कोरोना वैक्सीन का निर्माण कर रही है और इसने वैक्सीन को 'जायकोव-डी' नाम दिया है। कंपनी ने पहले घोषणा की थी कि कोविड-19 के संभावित टीके का पहले फेज का ट्रायल पूरा हो गया है और दूसरे फेज का ट्रायल अगस्त में शुरू किया गया था। जानकारी के मुताबिक, जाइडस कैडिला का वैक्सीन अगले साल मार्च तक इस्तेमाल के लिए तैयार हो सकता है। बताया जा रहा है कि जाइडस कैडिला 17 करोड़ वैक्सीन बनाने की तैयारी कर रहा है। पीएम मोदी ने शनिवार को जायडस बायोटेक पार्क पहुंचकर वैक्सीन की तैयारियों की समीक्षा भी की।



कोरोना वैक्सीन लोगों तक पहुंचाने के लिए चुनाव जैसी महातैयारी
कोरोना वैक्सीन लोगों तक पहुंचाने के लिए चुनाव जैसी महातैयारी

भारत में लोगों को वैक्सीन दिए जाने की तैयारी की जा रही है। वैसे तो हर देशवासी को कोरोना से बचाव के लिए टीका लगाए जाने की योजना है, लेकिन सबसे पहले 30 करोड़ लोगों को टीका लगेगा। प्राथमिकता के आधार पर सबसे पहले हेल्‍थ वर्कर्स, फ्रंटलाइन वर्कर्स और सीनियर सिटिजंस को वैक्‍सीन देने की तैयारी है। वैक्सीनेशन के लिए नीति आयोग की तरफ सुझाए गए प्‍लान के तहत चुनावों में जिस तरह पोलिंग बूथ बनाए जाते हैं, वैसे ही वैक्सीन बूथ बनाकर लोगों को वैक्सीन मुहैया कराई जाएगी। भारत ने कोरोनावायरस वैक्‍सीन की 60 करोड़ डोज का प्री-ऑर्डर कर दिया है। इसके अलावा एक अरब डोज और पाने के लिए बातचीत चल रही है। भारत में 40 लाख डॉक्टर और नर्स वैक्सीन के काम में लगे हुए हैं। वैक्सीनेशन को पूरा करने के लिए 300 करोड़ डिस्पोजेबल सीरिंज की आवश्कता पड़ेगी।



वैक्सीन बनाने में दुनिया में नंबर 1 है भारत
वैक्सीन बनाने में दुनिया में नंबर 1 है भारत

भारत विश्व में सबसे ज्यादा वैक्सीन मैन्युफैक्चर करता है। मेडिकल एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर किसी वैक्सिनेशन प्रोग्राम को पूरी दुनिया में चलाना है तो यह भारत के बिना संभव नहीं है। यह क्षमता भारत में ही है कि इतने बड़े स्तर पर वैक्सीन तैयार कर सके। जरूरत और आबादी के कारण भारत अमूमन 3 अरब वैक्सीन हर साल तैयार करता है। इसमें से वह 2 अरब वैक्सीन डोज हर साल निर्यात करता है। वैक्सीन मैन्युफैक्चरिंग में भारत कितना आगे हैं, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है हर 3 में एक वैक्सीन मेड इन इंडिया होती है। भारत में वैक्सीन के मास प्रॉडक्शन के कारण यह दूसरे देशों के मुकाबले सस्ता होता है। सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (SII) विश्व में सबसे ज्यादा वैक्सीन तैयार करती है। हर साल यह 1.5 अरब डोज वैक्सीन तैयार करती है। आपको बता दें कि SII ऑक्सफर्ड के साथ मिलकर कोरोना वैक्सीन 'कोविशील्ड' तैयार कर रहा है जो तीन फेज के ट्रायल के बाद करीब 90 फीसदी कारगर पाया गया है।



नागरिकों को मिली लिबर्टी बहुमूल्य संवैधानिक अधिकार: सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली ने कहा है कि क्रिमिनल केस में निष्पक्ष जांच जरूरी है लेकिन अदालतों को सुनिश्चित करना होगा कि किसी नागरिक को प्रताड़ित करने के लिए क्रिमिनल लॉ का इस्तेमाल हथियार के तौर पर न हो। सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली बेंच ने कहा कि मानवीय लिबर्टी बहुमूल्य संंवैधानिक अधिकार है। हाई कोर्ट को असीम अधिकार मिले हुए हैं ताकि लोगों के संवैधानिक मूल्य और स्वच्छंदता (लिबर्टी) संरक्षित रहे। हाई कोर्ट को लिबर्टी संरक्षित करने के लिए मिले हैं असीम अधिकार सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि भारतीय संविधान के तहत मानवीय लिबर्टी महत्वपूर्ण और बहुमूल्य अधिकार है। इसमें संदेह नहीं है कि ये कानून के दायरे में है। सीआरपीसी की धारा-482 के तहत हाई कोर्ट को पावर है कि वह किसी भी कानूनी प्रक्रिया के दुरुपयोग को रोके ताकि न्याय पूर्ण हो सके। हाई कोर्ट को अपने अधिकार का इस्तेमाल करना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने जो मंशा जाहिर की है उसके अनुरूप हाई कोर्ट को काम करना चाहिए। हाई कोर्ट को अधिकार है कि वह कानून के गलत इस्तेमाल को रोके। उसे लिबर्टी को संरक्षित रखने के लिए पूर्ण न्याय करना होगा। आजादी के बाद संसद ने हाई कोर्ट के असीम अधिकार को मान्यता दे रखी है ताकि लोगों के संवैधानिक मूल्य और लिबर्टी संरक्षित रहे। संवैधानिक तानेबाने के जरिये लिबर्टी का रिट मिला हुआ है। क्रिमिनल लॉ के गलत इस्तेमाल को देखना कोर्ट का काम...क्रिमिनल लॉ हथियार न बने जस्टिस चंद्रचूड़ ने अपने फैसले में कहा कि निष्पक्ष जांच महत्वपूर्ण है क्योंकि विक्टिम के अधिकार को प्रोटेक्ट करता है। दूसरी तरफ क्रिमिनल लॉ के गलत इस्तेमाल को भी देखना निचली अदालत और हाई कोर्ट का काम है। अदालत को पब्लिक इंस्ट्रेस्ट और सेफगार्ड को हमेशा सजग तरीके से देखना होगा। अपराध की निष्पक्ष जांच जरूरी है लेकिन दूसरी तरफ निचली अदालत, हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट को ये सुनिश्चित करना होगा कि क्रिमिनल लॉ हथियार न बने किसी नागरिक को प्रताड़ित करने के लिए। अदालतों को दोनों पहलुओं के लिेए सजग रहना होगा। एक तरफ क्रिमिनल लॉ लागू करना और दूसरी तरफ ये सुनिश्चित करना कि किसी नागरिक का कानून के गलत इस्तेमाल से प्रता़ड़ना न हो। लिबर्टी मानवीय युग के हर स्तर पर होना जरूरी है। सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा हर वैसे नागरिक के लिए बंद नहीं हो सकता जो पहली नजर में साबित करे कि सरकार ने क्रिमिनल लॉ का उसके खिलाफ इस्तेमाल हथियार के तौर पर किया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम के रूल में बेल है न कि जेल। कोर्ट की प्राथमिक जिम्मेदारी कि लिबर्टी संरक्षित रहे सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हमारी अदालतों को ये सुनिश्चित करना होगा कि जिन्हें भी लिबर्टी से वंचित किया जाता है उनका पहली पंक्ति का डिफेंस अदालत है। लिबर्टी से एक दिन भी वंचित करना एक दिन होता है। हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है कि सभी नागरिकों के लिबर्टी संरक्षित रहें। सुप्रीम कोर्ट ने टीवी जर्नलिस्ट अर्नब गोस्वामी को दी गई अंतरिम राहत को कायम रखते हुए कहा कि जब तक उनकी अर्जी हाई कोर्ट में पेंडिंग है तब तक उन्हें अंतरिम जमानत मिली रहेगी। बॉम्बे हाई कोर्ट के फैसले के चार हफ्ते बाद तक अंतरिम राहत कायम रहेगी। हाई कोर्ट में एफआईआर के खिलाफ अर्नब की अपील पेंडिंग है। अर्नब ने हाई कोर्ट से अंतरिम जमानत नहीं मिलने पर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। सुप्रीम करो्ट ने 11 नवंबर को अंतरिम जमानत दे दी थी। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को उस मामले में विस्तार से आदेश पारित किया है।

देवास भोपाल फोरलेन पर भीषण हादसाः डंपर और टेंपो की टक्कर के बाद धू-धू कर जली गाड़ियां, 3 लोगों की मौत


देवास। शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात करीब 1 बजे देवास-भोपाल फोर लेन पर भीषण सड़क हादसा हुआ। गलत दिशा की ओर जा रहे डंपर व टेंपो की आमने-सामने की टक्कर हो गई। भोरासा थाना के अंतर्गत सिख खेड़ी कंजर नाके के पास भोपाल से इंदौर की तरफ आने वाली टेंपो ट्रेवल्स गाड़ी क्रमांक Mp-13, ta -4070 व गलत दिशा की ओर जा रहे डंपर क्र m.p. 09 hh 7698 की आमने-सामने की भिड़ंत हुई। भिड़ंत से दोनों ही वाहनों में आग लग गई। डंपर चालक मौके से फरार हो गया, लेकिन टेंपो में बैठे तीनों लोग गाड़ी में फंस गए और आग में जलने से उनकी हुई दर्दनाक मौत हो गई। भोरासा पुलिस द्वारा मृतकों के शवो को जिला मुख्यालय स्थित एमजी अस्पताल लाया गया। तीनों मृतक ड्राइवर थे और संभवतः उज्जैन जिले के जीवाजीगंज थाना अंतर्गत पिपलिया नाका क्षेत्र के रहने वाले थे।


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Bombay HC Kangana Verdict: संजय राउत बोले, HC के फैसले पर उछल रहे लोग क्या कंगना के बयानों से सहमत हैं?


ऐक्ट्रेस कंगना रनौत के दफ्तर में हुई तोड़फोड़ के मामले में शुक्रवार को बॉम्बे हाई कोर्ट ने अपने फैसले में जहां बीएमसी को फटकार लगाई, वहीं शिवसेना सांसद संजय राउत को भी बयानों में संयम बरतने की नसीहत दी। कोर्ट के फैसले के बाद अब संजय राउत की प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने कहा कि कानूनी मामले पर सिर्फ बीएमसी को बोलने का अधिकार है और इस मामले का राजनीति से कोई लेना देना नहीं है। राउत ने फिर सवाल उठाया कि कंगना ने मुंबई पुलिस को माफिया और मुंबई PoK कहा था। क्या अदालत के आदेश से उत्साहित पार्टियां इससे सहमत हैं? देखिए उनका पूरा बयान


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What to Watch When Mike Tyson Fights Roy Jones Jr.


Sports New York TimesBy BY MORGAN CAMPBELL AND OSKAR GARCIA Via NYT To WORLD NEWS

Los Angeles Bans Almost All Public Gatherings to Stop Virus Surge


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